Navratri 2021 Temple Decorated With More Than Five Crore Currency Notes In Andhra Pradesh – नोटों की वंदनवार: आंध्र प्रदेश में 5.16 करोड़ के नोटों से सजाया मां का दरबार, सात किलो सोना और 60 किलो चांदी के गहने पहनाए


न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नेल्लोर
Published by: देव कश्यप
Updated Thu, 14 Oct 2021 02:11 AM IST

Temple decorated with Currency Notes
– फोटो : सोशल मीडिया

ख़बर सुनें

नेल्लोर के वासवी कन्याका परमेश्वरी मंदिर में नवरात्रि-दशहरा उत्सव के दौरान माता के धनलक्ष्मी रूप की पूजा के लिए पांच करोड़ 16 लाख के नए करेंसी नोटों से श्रृंगार किया गया। इनमें 10 रुपये से 2000 रुपये तक के नोट शामिल हैं। इसके अलावा सात किलो सोना और 60 किलो चांदी के आभूषण भी पहनाए गए हैं।

मंदिर में सालभर देवी के विभिन्न रूपों की पूजा होती है। मंदिर को सजाने के लिए 100 से अधिक स्वयंसेवकों ने 2,000 रुपये, 500 रुपये, 200 रुपये, 100 रुपये, 50 रुपये और 10 रुपये मूल्यवर्ग के नोटों के साथ कई घंटों तक काम किया।

तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में नवरात्रि और दुर्गा पूजा के अवसर पर माता के मंदिरों को भव्य तरीके से सजाया जाता है. दोनों राज्यों में कन्यका परमेश्वरी देवी मां की भक्ति में लोग रुपये, सोना, चांदी जैसे तरह-तरह की चीजें चढ़ावे के तौर पर देते हैं, नवरात्रि के अवसर पर इन रुपयों से मंदिर को आकर्षक रूप से सजाया गया है।

आयोजकों ने विभिन्न संप्रदायों और रंगों के करेंसी नोटों से बने ओरिगेमी फूलों की माला और गुलदस्ते से देवता को सजाया। मंदिर में देवी की मूर्ति को और मंदिर की दीवारों को नए नोटों से सजाया गया। विभिन्न रंगों के करेंसी नोटों ने मंदिर की सुंदरता में चार चांद लगा दिए हैं। मंदिर में कई जगहों से आने वाले भक्तों को यह मंदिर आकर्षित कर रहा है।

नेल्लोर शहरी विकास प्राधिकरण (एनयूडीए) के अध्यक्ष और मंदिर समिति के सदस्य मुक्कला द्वारकानाथ के अनुसार, समिति ने हाल ही में 11 करोड़ रुपये की लागत से मंदिर के जीर्णोद्धार का काम पूरा किया है। उन्होंने कहा, चूंकि मरम्मत कार्य में चार साल लग गए और पूरा होने के बाद यह पहला उत्सव है, इसलिए समिति ने नोटों के साथ देवता को सजाने का फैसला किया। समिति के सदस्यों और भक्तों ने करेंसी नोट एकत्र किए और अनूठी सजावट के लिए कलाकारों की सेवाएं लीं।

विशाखापत्तनम में भी सोने-चांदी और करेंसी नोटों से सजाया गया मंदिर
दशहरा के अवसर पर विशाखापत्तनम में भी कन्याका परमेश्वरी मंदिर में माता को सोने-चांदी और करेंसी नोटों से सजाया गया है। मंदिर के अध्यक्ष चंद्रशेखर ने कहा कि ‘सजावट में इस्तेमाल की गई नकदी, सोना और चांदी की कीमत चार करोड़ रुपये है।’

 

विस्तार

नेल्लोर के वासवी कन्याका परमेश्वरी मंदिर में नवरात्रि-दशहरा उत्सव के दौरान माता के धनलक्ष्मी रूप की पूजा के लिए पांच करोड़ 16 लाख के नए करेंसी नोटों से श्रृंगार किया गया। इनमें 10 रुपये से 2000 रुपये तक के नोट शामिल हैं। इसके अलावा सात किलो सोना और 60 किलो चांदी के आभूषण भी पहनाए गए हैं।

मंदिर में सालभर देवी के विभिन्न रूपों की पूजा होती है। मंदिर को सजाने के लिए 100 से अधिक स्वयंसेवकों ने 2,000 रुपये, 500 रुपये, 200 रुपये, 100 रुपये, 50 रुपये और 10 रुपये मूल्यवर्ग के नोटों के साथ कई घंटों तक काम किया।

तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में नवरात्रि और दुर्गा पूजा के अवसर पर माता के मंदिरों को भव्य तरीके से सजाया जाता है. दोनों राज्यों में कन्यका परमेश्वरी देवी मां की भक्ति में लोग रुपये, सोना, चांदी जैसे तरह-तरह की चीजें चढ़ावे के तौर पर देते हैं, नवरात्रि के अवसर पर इन रुपयों से मंदिर को आकर्षक रूप से सजाया गया है।

आयोजकों ने विभिन्न संप्रदायों और रंगों के करेंसी नोटों से बने ओरिगेमी फूलों की माला और गुलदस्ते से देवता को सजाया। मंदिर में देवी की मूर्ति को और मंदिर की दीवारों को नए नोटों से सजाया गया। विभिन्न रंगों के करेंसी नोटों ने मंदिर की सुंदरता में चार चांद लगा दिए हैं। मंदिर में कई जगहों से आने वाले भक्तों को यह मंदिर आकर्षित कर रहा है।

नेल्लोर शहरी विकास प्राधिकरण (एनयूडीए) के अध्यक्ष और मंदिर समिति के सदस्य मुक्कला द्वारकानाथ के अनुसार, समिति ने हाल ही में 11 करोड़ रुपये की लागत से मंदिर के जीर्णोद्धार का काम पूरा किया है। उन्होंने कहा, चूंकि मरम्मत कार्य में चार साल लग गए और पूरा होने के बाद यह पहला उत्सव है, इसलिए समिति ने नोटों के साथ देवता को सजाने का फैसला किया। समिति के सदस्यों और भक्तों ने करेंसी नोट एकत्र किए और अनूठी सजावट के लिए कलाकारों की सेवाएं लीं।

विशाखापत्तनम में भी सोने-चांदी और करेंसी नोटों से सजाया गया मंदिर

दशहरा के अवसर पर विशाखापत्तनम में भी कन्याका परमेश्वरी मंदिर में माता को सोने-चांदी और करेंसी नोटों से सजाया गया है। मंदिर के अध्यक्ष चंद्रशेखर ने कहा कि ‘सजावट में इस्तेमाल की गई नकदी, सोना और चांदी की कीमत चार करोड़ रुपये है।’

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *