Huge supply gap in hiring data science talent in India: Study | भारत में डेटा विज्ञान प्रतिभा को काम पर रखने में भारी आपूर्ति का अंतर



डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। जब प्रतिभा की बात आती है तो डेटा साइंस उद्योग में आपूर्ति में भारी अंतर देखा जा रहा है, जिसमें 92 प्रतिशत हायरिंग मैनेजर्स को कमी का सामना करना पड़ा है। हायरिंग ट्रेंड पर एक अध्ययन में इसकी जानकारी मिली है। ग्रेट लनिर्ंग द्वारा किया गया अध्ययन एडटेक कंपनी के डेटा साइंस स्पेस में हायरिंग ट्रेंड, डेटा साइंस प्रोफेशनल्स की बढ़ती मांग और इंडस्ट्री में स्किल गैप पर स्पॉटलाइट डालता है।

प्राकृतिक भाषा प्रसंस्करण (एनएलपी) के क्षेत्र में सबसे बड़ी कौशल कमी की पहचान 15 प्रतिशत हायरिंग मैनेजरों द्वारा की गई, इसके बाद आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (12 प्रतिशत), ऑटोमेशन (11 प्रतिशत), कंप्यूटर विजन (10 प्रतिशत), एनालिटिक्स (9 प्रतिशत) और मशीन लनिर्ंग (7 प्रतिशत) का स्थान रहा।

सर्वेक्षण किए गए हायरिंग मैनेजरों में से आधे से कुछ अधिक ने बी2बी उद्यमों का प्रतिनिधित्व किया, लगभग एक-चौथाई ने बी2सी कंपनियों का प्रतिनिधित्व किया और बाकी में सरकार और अन्य शामिल थे। बीएफएसआई जैसे उद्योग क्षेत्रों में आईटी/आईटीईएस, खुदरा, ई-कॉमर्स, दूरसंचार, इंजीनियरिंग और विनिर्माण के बाद सबसे अधिक प्रतिनिधित्व (21 प्रतिशत) था।

लगभग 57 प्रतिशत का मानना था कि आपूर्ति और मांग के बीच का अंतर प्रवेश स्तर/नए स्तर पर मौजूद है, जबकि 27 प्रतिशत काम पर रखने वाले प्रबंधकों का मानना है कि टीम के नेतृत्व और परियोजना प्रबंधन की मध्य-स्तर की भूमिकाओं में प्रतिभा का अंतर मौजूद है, जो आवश्यकता को उजागर करता है। 

अध्ययन में यह भी पाया गया है कि डेटा साइंस डोमेन में लिंग समानता की कमी एक मुद्दा है, जैसे यह व्यापक तकनीकी डोमेन के साथ है।बेंगलुरू (54 प्रतिशत) एक बार फिर डेटा साइंस में प्रतिभा को काम पर रखने के लिए अग्रणी शहर के रूप में उभरा है, इसके बाद हैदराबाद 15 प्रतिशत है। दिल्ली एनसीआर और पुणे के बीपीओ और केपीओ हब को क्रमश: 9 प्रतिशत और 6 प्रतिशत, मुंबई और चेन्नई को प्राथमिकता दी गई, जिन्हें 5 प्रतिशत ने प्राथमिकता दी।

ग्रेट लर्निग के सह-संस्थापक हरि कृष्णन नायर ने एक बयान में कहा, इस अध्ययन का उद्देश्य डेटा साइंस स्पेस में प्रमुख रुझानों को प्रकाश में लाना था, जो उभरते पेशेवरों को उद्योग की आवश्यकताओं के अनुरूप अपने करियर पथ की योजना बनाने में मदद कर सकते हैं और अंतर्निहित प्रतिभा अंतर को दूर करने के लिए संगठनों द्वारा उठाए गए कदमों पर ध्यान केंद्रित कर सकते हैं।

उन्होंने कहा, हर उद्योग डिजिटल परिवर्तन के दौर से गुजर रहा है, एनएलपी, एआईएमएल, बिग डेटा और ऑटोमेशन जैसे डेटा साइंस फंक्शंस की मांग अब तक के उच्चतम स्तर पर है। समय की आवश्यकता हमारे शिक्षा मानकों को बढ़ाने और हमारे कर्मचारियों को बढ़ाने की है।

आईएएनएस

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

AllwNews